मिगुएल दियाज-कानेल ने कहा है कि पूर्व राष्ट्रपति राउल कास्त्रो क्यूबा और अमेरिका के बीच हो रही बातचीत में शामिल हैं। यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिकी नीतियों के कारण क्यूबा को तेल की आपूर्ति रुकी हुई है और देश में नगरों-पहाड़ों तक बार बार बिजली कट देखने को मिल रहे हैं।

बातचीत अभी शुरुआती चरण में

दियाज़-कानेल ने एक रिकॉर्ड की गई साक्षात्कार में बताया कि यह बातचीत अभी प्रारम्भिक चरण में है। उनका कहना था कि किसी भी समझौते तक पहुँचने के लिए समय लगेगा और इसके लिए पहले एक मजबूत संवाद चैनल बनाना होगा, फिर दोनों पक्षों के हितों पर आधरित एजेंडों पर काम करना होगा, और अंततः दोनों पक्षों को वास्तविक प्रतिबद्धता दिखानी होगी।

कास्त्रो का क्या रोल है

राउल कास्त्रो, जो 2018 तक दस साल तक राष्ट्रपति रहे, अब 94 वर्ष के हैं और देश में अभी भी बहुत प्रभाव रखते हैं। दियाज़-कानेल ने कहा कि राउल कास्त्रो, वे स्वयं और पार्टी, सरकार और राज्य की अन्य शाखाओं के साथ मिलकर इस संवाद प्रक्रिया को मार्गदर्शित कर रहे हैं, यदि यह प्रक्रिया आगे बढ़ती है।

इतिहास का संदर्भ

  • राउल कास्त्रो ने 2014 में तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के साथ ऐतिहासिक बातचीत में अहम भूमिका निभाई थी, जिससे राजदूतावासों के पुन: खोलने और राजनयिक संबंधों के नवीनीकरण का रास्ता बना।
  • दियाज़-कानेल 2018 में राष्ट्रपति बने, पर राउल को क्यूबा राजनीतिक संरचना में प्रभावशाली माना जाता है।

तेल नाकाबंदी और बिजली संकट

जनवरी के अंत में अमेरिकी नेतृत्व ने उन देशों पर टैरिफ लगाने की धमकी दी थी जो क्यूबा को तेल दें। हालांकि प्रारम्भिक कड़े बयान थोड़े नरम हुए, पर प्रभाव ऐसा रहा कि क्यूबा को तीन महीनों से कोई ईंधन शिपमेंट नहीं मिला है।

परिणामस्वरूप बिजली ग्रिड पर भारी दबाव पड़ा है। पिछले सप्ताह देश में दो बार व्यापक कटकट हुए, जिससे लाखों लोग अँधेरे में रहने को मजबूर हुए और आर्थिक व सामाजिक गतिविधियाँ ठहर गईं।

अंतरराष्ट्रीय चेतावनियाँ

यूनाइटेड नेशंस के क्यूबा के निवासी समन्वयक फ्रांसिस्को पिचोन ने चेतावनी दी है कि अगर यह स्थिति बनी रहती है तो मानवीय संकट उभर सकता है। पिचोन और अन्य अधिकारियों ने कहा है कि ऊर्जा संकट और पिछले वर्ष के तूफान के नुकसान को संभालने के लिए लगभग $94 मिलियन की आवश्यकता है।

UN के प्रमुख एंतोनियो गुटेरेस ने भी पिछले महीने मानवीय ‘‘पतन’’ की आशंका जताई थी।世界 स्वास्थ्य संगठन के निदेशक जनरल टेड्रोस अधानोम गेब्रेयेसस ने कहा है कि क्यूबा में स्वास्थ्य स्थिति गम्भीर रूप से चिंताजनक है और स्वास्थ्य सेवाओं की आपूर्ति खतरे में है।

आगे क्या हो सकता है

दियाज़-कानेल ने बार-बार यह बताया कि कोई भी वार्ता लंबी चलेगी। पहले संवाद चैनल बनेंगे, फिर साझा एजेंडों पर सहमति के संकेत चाहिए, और अंततः दोनों पक्षों की वास्तविक प्रतिबद्धता जरूरी होगी। फिलहाल बातचीत के चरण शुरुआती हैं और क्यूबा पर पड़ रहे आर्थिक व मानवीय दबाव के चलते निर्णयों में समय लग सकता है।

सरल शब्दों में: राउल कास्त्रो शामिल हैं, पर कोई त्वरित समाधान अभी दूर नजर आता है।