माद्रिद E-Prix में जो हुआ वह सिर्फ एक रेस नहीं था। आखिरी मोड़ पर फैसला, जारामा RACE की पूरी भीड़, और स्पेन के संस्थानों का जोर, जिसमें राजा फ़ेलिपे VI की मौजूदगी भी थी। वहाँ जाना था तो अनुभव समझ में आया कि यह इवेंट बड़ा था और फिर से लौटेगा।

DS का बड़ा मोड़: ट्रैक से पालों तक

आश्चर्यजनक खबर यह है कि DS फॉर्मूला E को अलविदा कहकर समुद्र की रेसों में उतर रही है। यह ब्रांड Stellantis का लग्ज़री ब्रांड है और उन्होंने 11 साल में इस श्रेणी में अपनी पहचान पक्की कर ली थी। अब वे SailGP में उतरी रहे हैं, जिसे अक्सर समुद्र की फॉर्मूला 1 कहा जाता है।

क्यों यह बदलाव?

  • ब्रांड और प्रोडक्ट की समानताएं: Xavier Peugeot के शब्दों में, दोनों प्रतियोगिताओं में छवि, तकनीक और प्रीमियम प्रोडक्ट के मायने मिलते-जुलते हैं।
  • नए अवसर: फॉर्मूला E ने DS को दृश्यता और तकनीकी अनुभव दिया, अब वह अनुभव समुद्री चुनौतियों पर लागू करना चाहते हैं।

DS ने फॉर्मूला E में क्या हासिल किया?

संख्याएँ साफ हैं और प्रभाव बड़ा रहा। 55 पोडियम, 18 जीत और कुल चार खिताब—जिसमें सीज़न 2018-19 और 2019-20 खास हैं, जब Jean-Éric Vergne और António Félix da Costa ड्राइवर्स के रूप में चमके।

टेक्नोलॉजी का असर

फॉर्मूला E से जितनी चीजें DS के रोड कार्स में आईं, वह महत्वपूर्ण हैं। regenerative braking, सॉफ़्टवेयर और ऊर्जा प्रबंधन जैसे समाधान अब सड़क पर बिकने वाली गाड़ियों में दिखते हैं। Xavier Peugeot ने बताया कि ये अवधारणाएँ DS7 और DS8 जैसे मॉडलों में शामिल हो चुकी हैं।

SailGP: सिर्फ शौक नहीं, रणनीति भी है

DS का SailGP में जाना केवल स्थान बदलने जैसा नहीं है। यह कुछ मकसदों से जुड़ा है:

  • मानव पूंजी को चुनौती: इंजीनियरों को नई समस्याओं पर काम करने का मौका मिलेगा और नवाचार को आगे बढ़ाया जा सकेगा।
  • एरोडायनामिक्स की दूसरी नजर: पालों की दुनिया में हवा के साथ काम करना अलग तरह की एरोडायनामिक समझ देता है, जो सड़क की कारों पर भी असर डाल सकती है।

Bastien Schupp ने कहा कि फॉर्मूला E ने ब्रांड को विश्वसनीयता और दृश्यता दी और बड़ी जर्मन ब्रांडों के सामने प्रतिस्पर्धा कर उसे साबित भी किया। 11 साल के बाद उन्होंने महसूस किया कि नयी कहानी सुनाने का समय आ गया है, न कि प्रदर्शन की कमी के कारण बदलाव।

निष्कर्ष

तथ्य यह है कि DS फॉर्मूला E छोड़ रही है, पर रेसिंग दुनिया छोड़ती नहीं। वे अपनी तकनीकी सीख लेकर समुद्र पर उतर रहे हैं और वहां भी प्रीमियम इमेज और नवप्रवर्तन पर काम करेंगे। ट्रैक से रिगेट तक का यह कदम एक नया अध्याय है, जिसमें DS अपने इंजीनियरिंग और ब्रांड के लिए नई चुनौतियाँ चाहती है।